अवलोकन २००६
December 21, 2006 by Nitin Bagla
पता नही इस बार बीतते हुए साल का तरीके से अवलोकन कर पाऊंगा या नही, पर जो सबसे सरल काम कर सकता हूँ…साल में पढी गई पुस्तकों की सूची तो बना ही ली जाए…
२००६ में पढी गई पुस्तकें
The Afghan - Fredrick Forsyth
Fist of God - Fredrick Forsyth
The Match - Romesh Gunashekhara
Mediocore but Arrogant - Abhijit Bhaduri
Timeline - Michael Crichton
Airframe - Michael Crichton
One night at the call center - Chetan Bhagat
Making of an MBA: snapshots from hell- Peter Robinson
The department of Denials -Anurag Mathur
The Old Man and His God - Sudha Murthy
आधी पढी पुस्तकें
Third Wave- Alvin Toffler
Human Zoo - Desmond Morris
Everybody Loves a Good Draught - P Sainath
Jurrasic Park - Michael Crichton
राग दरबारी - श्री लाल शुक्ल (ब्लागर साथियों के सहयोग से)
पिछले साल के मुकाबले इस साल गिनती थोडी कम रही, कारण नौकरी । कालेज का समय अच्छा था…खूब वक्त निकाल लेते थे पढने के लिये ।इसी चक्कर मे ये पाँच पुस्तकें पिछले २-३ महीने से आधी-पौनी पढ पाया हूं
हाँ एक काम जो अच्छा शुरू किया है, नियमित रूप से किताबें खरीदने लगा हूँ, और यह भी निश्चय किया है कि पाइरेटेड पुस्तकें नही खरीदूंगा :).
बाकी का अवलोकन देखते हैं…कर पाते हैं या नही

चलिए आने वाले वर्ष में प्रकाशको के आपकी वजह से चाँदी रहेगी.
हमारी शुभकामनाएं आप खुब खरिदें खुब पढ़ॆ.
खरीदते रहें, पढ़ते रहें और पढ़वाते रहें. शुभकामनायें.
कुछ पुस्तक समीक्षा भी करें ताकि हम लोग भी पढ़ने का मन बनायें।
i saw u reading steve waugh book also(in class)
इनमें से सिर्फ़ ‘थर्ड वेव’ और ‘एव्रीवन लव्ज अ गुड ड्राउट’ मैंने पढ रखी है . अब आपने सूची दी है तो यथासम्भव बाकी को भी देखना होगा . टॉफ़लर की तीन पुस्तकें पढ रखी हैं . ‘थर्ड वेव’ के अतिरिक्त’फ़्यूचर शॉक’ और ‘पॉवर शिफ़्ट’ भी पढी है .
Hey tell about your experiences in the job…..
संजय जी, समीर जी, शुभकामनओं के लिये धन्यवाद..
उन्मुक्त जी, कोशिश तो रहती है कि चर्चा की जाये पर हो नही पाती,
आलोक, स्टीव वा की पुस्तक २००५ की सूची में है…याद रखने के लिये शुक्रिया
प्रियंकर जी, फ़्यूचर शाक मैने पिछले वर्ष पढ की थी, अब थर्ड वेव खत्म हो तो पावर शिफ़्ट उठाउंगा
अखंड, कार्यानुभव इसलिये नही लिखता कि नौकरी और ब्लाग अलग अलग ही रहें तो बेहतर है…अन्यथा घालमेल हो जायेगा…जब मिलेंगे तब बतियायेंगे…
thats the good thing.. to not buy pirated books.. since we are earning now.. we can always afford them.. Read “State of Fear” this book is highly controversial but it gives a different angle to think of.. but after that book dont forget to read “The Inconvenient Truth” by Gore…
State of Fear तो पहले ही पढ ली थी यार..शायद पहले साल में…”The Inconvenient Truth” तलाश करता हूं ।